काली माता मंदिर में चोरी का 12 घंटे में खुलासा, तीन मुकुट और दो छत्र बरामद; एक गिरफ्तार

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सीसीटीवी फुटेज और सर्विलांस की मदद से पुलिस ने पकड़ा आरोपी, मंदिर से चोरी किए गए सभी पांच धार्मिक आभूषण बरामद

नितेन्द्र झां 

#महोबा / शहर के बंधानवार्ड स्थित काली माता मंदिर में हुई चोरी की घटना का महोबा पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। कोतवाली नगर पुलिस और जनपदीय एसओजी एवं सर्विलांस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके कब्जे से मंदिर से चोरी किए गए तीन मुकुट और दो छत्र भी बरामद किए हैं।

जानकारी के अनुसार, मोहल्ला काठकुलवापुरा, बंधानवार्ड स्थित छोटी चन्द्रिका मंदिर के बगल में बने काली माता मंदिर के पुजारी विपिन चौरसिया को 1 नवंबर की सुबह करीब छह बजे मंदिर पहुंचने पर चोरी की जानकारी हुई। अज्ञात चोर मंदिर में स्थापित मां काली की प्रतिमा पर लगे तीन मुकुट और दो छत्र चोरी कर ले गया था। पुजारी की सूचना पर डायल-112 पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद पुलिस अधिकारियों और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए।

पुजारी की तहरीर पर कोतवाली नगर में मुकदमा अपराध संख्या 520/2026, धारा 305(d) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक शशांक सिंह ने कोतवाली नगर पुलिस और जनपदीय एसओजी एवं सर्विलांस की संयुक्त टीम गठित कर जल्द खुलासे के निर्देश दिए।

पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली तथा तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई। इसी क्रम में 2 नवंबर को पुलिस ने बंधानवार्ड से कालीचरण पुत्र राजू कुशवाहा (31 वर्ष), निवासी राजीव नगर, थाना कबरई को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से चोरी किए गए सफेद धातु के तीन मुकुट और दो छत्र बरामद हुए। इसके अलावा तलाशी में 200 रुपये नकद और एक मोटोरोला मोबाइल फोन भी मिला।

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी का पूर्व में भी आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ वर्ष 2017 में थाना कबरई में चोरी और नकबजनी से संबंधित मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके अलावा वर्ष 2026 में भी कबरई थाने में चोरी का एक मुकदमा दर्ज है।

पुलिस ने बरामदगी के आधार पर मुकदमे में धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी करते हुए आरोपी को न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई की है।

इनकी रही अहम भूमिका: कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक बीरेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक अभिनव सिंह, हेड कांस्टेबल मनीष कुमार, कांस्टेबल धर्मेन्द्र यादव सहित जनपदीय एसओजी एवं सर्विलांस टीम के जवान शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों ने संयुक्त टीम की त्वरित कार्रवाई को घटना के सफल अनावरण में अहम बताया।

 

Nitendra Jha
Author: Nitendra Jha