हमीरपुर में छूटे पात्र मतदाताओं के नाम जोड़ने को चलेगा विशेष अभियान, घर-घर पहुंचेंगे बीएलओ

SHARE:

युवाओं, आश्रयहीन व्यक्तियों और वंचित वर्गों को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए लगेंगे विशेष कैम्प; फॉर्म-6 भरने में की जाएगी मदद

हमीरपुर। निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण-2026 के उपरांत मतदाता सूची में छूटे हुए पात्र नागरिकों के नाम शामिल करने के लिए जनपद में विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर पात्र मतदाताओं का सत्यापन करेंगे और मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए उन्हें फॉर्म-6 भरने में सहायता प्रदान करेंगे। अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची में नाम दर्ज होने से वंचित न रहे।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशों के क्रम में जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिलाधिकारी अशोक कुमार की अध्यक्षता में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों तथा संबंधित निर्वाचन अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण-2026 के बाद छूटे हुए पात्र मतदाताओं को सूची में शामिल करने के लिए अभियान की तैयारियों और कार्ययोजना की समीक्षा की गई।

पुरानी और वर्तमान मतदाता सूची का होगा मिलान

जिलाधिकारी ने बताया कि अभियान के अंतर्गत पूर्व की निर्वाचक नामावलियों, जिनमें 1 जनवरी 2025 की अर्हता तिथि के आधार पर तैयार नामावली भी शामिल है, तथा वर्तमान में प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची का तुलनात्मक मिलान किया जाएगा। इसके माध्यम से ऐसे पात्र नागरिकों को चिह्नित किया जाएगा, जिनके नाम किसी कारणवश वर्तमान मतदाता सूची में दर्ज नहीं हो सके हैं।

चिह्नित नागरिकों की वास्तविक स्थिति का पता लगाने के लिए बीएलओ घर-घर जाकर भौतिक सत्यापन करेंगे। सत्यापन में पात्र पाए जाने वाले नागरिकों को मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म-6 भरने की प्रक्रिया में आवश्यक सहयोग दिया जाएगा।

प्रत्येक सप्ताह 20 से 25 मतदाताओं से संपर्क का लक्ष्य

अभियान को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए प्रत्येक बीएलओ को प्रति सप्ताह कम से कम 20 से 25 मतदाताओं से संपर्क करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्धारित कार्य को एक माह के भीतर पूरा करने का प्रयास किया जाएगा। अभियान की प्रगति की नियमित समीक्षा जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों द्वारा की जाएगी।

पारदर्शिता और समन्वय बनाए रखने के लिए बीएलओ द्वारा तैयार की गई तुलनात्मक सूची, भौतिक सत्यापन रिपोर्ट तथा फॉर्म-6 से संबंधित अभिलेख निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) और राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंटों (बीएलए) के साथ साझा किए जाएंगे।

युवाओं और वंचित वर्गों पर रहेगा विशेष ध्यान

जिलाधिकारी ने पहली बार मतदाता बनने वाले युवाओं के नाम प्राथमिकता के आधार पर मतदाता सूची में जोड़ने के निर्देश दिए। इसके अलावा नाइट शेल्टर, श्रमिक बस्तियों, लेबर कॉलोनियों तथा आश्रयहीन व्यक्तियों और समाज के वंचित एवं मुख्यधारा से पृथक रह रहे पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए विशेष कैम्प आयोजित किए जाएंगे।

अभियान के माध्यम से ऐसे लोगों तक पहुंचने का प्रयास किया जाएगा, जो जानकारी के अभाव या आवश्यक प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाने के कारण अब तक मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज नहीं करा सके हैं।

जागरूकता अभियान के जरिए दी जाएगी जानकारी

मतदाता जागरूकता बढ़ाने के लिए शिक्षण संस्थानों, जनसंपर्क माध्यमों और स्वीप (SVEEP) गतिविधियों के माध्यम से नागरिकों को मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने की प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी। नियमित प्रेस ब्रीफिंग के जरिए भी अभियान से संबंधित सूचनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा, ताकि पात्र नागरिक समय से आवेदन कर सकें।

जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपील की कि वे अपने-अपने बूथ लेवल एजेंटों को सक्रिय करें और निर्वाचन अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर छूटे हुए पात्र मतदाताओं की पहचान में सहयोग करें।

उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को शुद्ध, त्रुटिरहित और समावेशी बनाने के लिए सभी संबंधित पक्षों की सहभागिता आवश्यक है, ताकि जनपद का प्रत्येक पात्र नागरिक मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराकर अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके।

IKV News
Author: IKV News