#महोबा सिंचाई विभाग में कार्यरत दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि उन्हें लगातार आर्थिक शोषण का सामना करना पड़ रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि उनसे नियमित रूप से कार्य तो लिया जा रहा है, लेकिन बदले में उन्हें समय पर उचित
मजदूरी नहीं दी जा रही।
सूत्रों के अनुसार, कई कर्मचारियों का वेतन महीनों से लंबित है, जिससे उनके सामने परिवार के भरण-पोषण का संकट खड़ा हो गया है। दैनिक वेतनभोगी मजदूरों ने बताया कि उन्हें न तो न्यूनतम वेतनमान का लाभ मिल रहा है और न ही किसी प्रकार की सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का फायदा।
कर्मचारियों का आरोप है कि विभागीय स्तर पर ठेकेदारी प्रथा के चलते बिचौलियों की भूमिका बढ़ गई है, जिससे मजदूरी में कटौती और देरी आम बात हो गई है। कई श्रमिकों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि आवाज उठाने पर काम से निकालने की धमकी भी दी जाती है।
इस संबंध में जब विभागीय अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की गई, तो उनका पक्ष स्पष्ट नहीं हो सका।







