हमीरपुर। विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिलाधिकारी श्री अभिषेक गोयल के निर्देश पर जनपद मुख्यालय में संचालित कोचिंग संस्थानों एवं लाइब्रेरी की सुरक्षा व्यवस्था का स्थलीय निरीक्षण कराया गया। अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) श्री राकेश कुमार ने बताया कि नगर पालिका परिषद, हमीरपुर द्वारा 18 अगस्त को वी-मार्ट से सिटी गली होते हुए आरोग्य धाम के नाले तक स्थित भवनों में संचालित कोचिंग संस्थानों एवं लाइब्रेरी का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान पाया गया कि क्षेत्र में कई कोचिंग संस्थान एवं लाइब्रेरी 4 से 5 मंजिला भवनों में संचालित हो रहे हैं, जहां प्रतिदिन करीब 250 विद्यार्थी अध्ययन के लिए आते-जाते हैं। निरीक्षण में भवनों की सुरक्षा व्यवस्था में कई गंभीर कमियां सामने आईं। अधिकांश भवन संकरी गलियों में स्थित हैं तथा ऊपर-नीचे आने-जाने के लिए केवल एक सीढ़ी उपलब्ध है। वहीं कई भवनों में सिर्फ एक मुख्य प्रवेश एवं निकास द्वार पाया गया और आपातकालीन स्थिति के लिए वैकल्पिक निकास की व्यवस्था नहीं मिली।

अपर जिलाधिकारी ने बताया कि विद्युत शॉर्ट-सर्किट, आग अथवा किसी अन्य आकस्मिक घटना की स्थिति में विद्यार्थियों को सुरक्षित बाहर निकालने में गंभीर परेशानी हो सकती है। संकरी गलियों के कारण अग्निशमन वाहनों के घटनास्थल तक पहुंचने में भी कठिनाई की संभावना है। एक साथ बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की मौजूदगी को देखते हुए ऐसी स्थिति में जनहानि का खतरा भी हो सकता है।
असुरक्षित स्थानों पर संचालन तत्काल बंद करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान संबंधित कोचिंग एवं लाइब्रेरी संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि असुरक्षित स्थानों पर तत्काल संचालन बंद कर ऐसे भवनों में संस्थान संचालित किए जाएं, जहां पर्याप्त खुला स्थान, सुरक्षित प्रवेश-निकास, आपातकालीन निकास तथा अग्निशमन वाहनों के पहुंचने की समुचित व्यवस्था हो।
संचालकों को विद्यार्थियों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता न करने तथा निर्धारित अग्नि एवं आपदा सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
अपर जिलाधिकारी ने कहा कि विद्यार्थियों के जीवन एवं सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए संबंधित कोचिंग संस्थानों एवं लाइब्रेरी की सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक अनुमतियों की जांच कराई जाएगी। निर्धारित मानकों का अनुपालन न पाए जाने पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने कोचिंग संस्थानों एवं लाइब्रेरी संचालकों से अपील की है कि वे विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक अग्नि एवं आपदा सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करें तथा केवल सुरक्षित और मानकयुक्त भवनों में ही संस्थानों का संचालन करें।







